KhabarMantraLive: वक्फ संशोधन विधेयक 2025 को बुधवार देर रात लोकसभा में बहुमत से मंजूरी मिल गई। करीब 12 घंटे की गरमागरम बहस के बाद विधेयक को 288 वोटों के समर्थन और 232 विरोधी वोटों के साथ पारित किया गया। अब इसे आज गुरुवार को राज्यसभा में पेश किया जाएगा, जहां सरकार और विपक्ष के बीच तीखी बहस की संभावना जताई जा रही है।
संसद भवन समेत कई इमारतों पर वक्फ बोर्ड का दावा
कानून मंत्री किरण रिजिजू ने कहा कि अगर सरकार यह संशोधन नहीं लाती, तो संसद भवन समेत कई महत्वपूर्ण इमारतें दिल्ली वक्फ बोर्ड के अधीन चली जातीं। उन्होंने 2013 में संप्रग (यूपीए) सरकार द्वारा किए गए संशोधनों की आलोचना की और कहा कि उस समय वक्फ कानून में बदलाव कर किसी भी धर्म के व्यक्ति को वक्फ बनाने की अनुमति दी गई थी।
राज्यसभा में फिर गरमाएगा माहौल
अब यह विधेयक राज्यसभा में पेश किया जाएगा, जहां इसे लेकर एक बार फिर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जोरदार टकराव हो सकता है। विपक्ष इस विधेयक को मुस्लिम समुदाय के खिलाफ बता रहा है, जबकि सरकार इसे संपत्तियों के प्रबंधन में सुधार का जरिया मान रही है।
NDA सहयोगी दलों ने किया समर्थन
एनडीए (NDA) में शामिल भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सहयोगी दलों ने भी वक्फ (संशोधन) विधेयक 2025 का समर्थन किया। बुधवार को लोकसभा में जनता दल (यूनाइटेड) JDU, तेलुगु देशम पार्टी (TDP), लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास), जनसेना और जनता दल (सेक्यूलर) ने इस विधेयक के पक्ष में मतदान किया। अब देखना होगा कि राज्यसभा में इस विधेयक का भविष्य क्या होगा और यह वहां से पारित हो पाता है या नहीं।